Lok Adalat : हरियाणा समेत देश भर में 13 दिसंबर को लगने वाली लोक अदालत का सभी को पता है। साइबर अपराधी भी नई चालें चलने लगे हैं। ये ठग लोक अदालत के नाम पर फर्जी मैसेज, ईमेल और वाट्सएप लिंक भेजकर लोगों से उनकी व्यक्तिगत व संवेदनशील जानकारी ओटीपी, बैंक विवरण, आधार नंबर चुराने की (cyber crime) कोशिश कर रहे हैं।
एसपी कुलदीप सिंह ने नागरिकों को सचेत करते हुए कहा कि हाल के दिनों में ऐसे कई मामलों की जानकारी मिली है, जिनमें अपराधी लोक अदालत (Lok Adalat) की आड़ लेकर लोगों को केस सैटलमेंट, फाइन रिडक्शन, पेमेंट लिंक, कानूनी नोटिस डाउनलोड जैसे बहाने बनाकर धोखा देने की कोशिश कर रहे हैं। कोई भी पेमेंट लिंक, फार्म या दस्तावेज सिर्फ आधिकारिक वेबसाइट पर देखें। वाट्एसप, एसएमएस, ईमेल पर आए किसी भी लिंक पर क्लिक नहीं करें।
Lok Adalat : किसी निजी नंबर से मांगी जाए जानकारी तो पहले क्रॉस वेरिफाई करें
ओटीपी, बैंक अकाउंट विवरण, कार्ड नंबर या अन्य जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करें। लोक अदालत (Lok Adalat) से संबंधित आधिकारिक काल केवल न्यायालय, कानूनी प्राधिकरण से ही आते हैं। किसी निजी नंबर पर विश्वास नहीं करें। अगर कोई व्यक्ति लोक अदालत में केस खत्म करवाने, जुर्माना कम करवाने या आनलाइन सेटलमेंट के नाम पर धन मांगता है, तो यह शत प्रतिशत ठगी है।
हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज करवाएं या नजदीकी पुलिस थाने में संपर्क करें। SP ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि सतर्क रहें। संदिग्ध लिंक या काल से बचें और ऐसे किसी भी मामले में तुरंत पुलिस को सूचित करें। आपकी जागरूकता ही साइबर अपराध के खिलाफ सबसे बड़ी सुरक्षा है।














