Jind News : हरियाणा के जींद जिले में फसल अवशेष जलने के मामले में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के संज्ञान लेने के बाद डीसी मोहम्मद इमरान रजा ने सख्त रुख अपनाया है। कृषि विभाग के उप मंडल अधिकारियों के साथ- साथ नरवाना, उचाना व जुलाना क्षेत्र में जहां फसल अवशेष ज्यादा जले हैं, संबंधित कृषि विभाग के स्टाफ, पटवारी, ग्राम सचिव सहित अन्य विभागों के कर्मचारियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों से जवाब उनके विभागाध्यक्ष के माध्यम से भेजने के लिए कहा गया है।
कृषि विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के जवाब जिला कृषि उप निदेशक को अपनी टिप्पणी सहित भेजने हैं। वहीं ग्राम सचिवों के जवाब डीडीपीओ (DDPO) को और पटवारियों (Notice to Patwari) को मिले नोटिस के जवाब जिला राजस्व अधिकारी को अपनी टिप्पणी के साथ डीसी कार्यालय (Jind DC Office) भिजवाने हैं। डीसी की तरफ से नोटिस जारी होने का वीरवार को फील्ड में भी असर नजर आया। उचाना, जुलाना व सफीदों के एसडीएम ने अधिकारियों के साथ गांवों का दौरा किया।

सफीदों में एसडीएम पुलकित मल्होत्रा (Safidon SDM) ने मुआना गांव में पराली जलाते मिले किसान किसान के खिलाफ मौके पर ही एफआइआर दर्ज करवाई। हरसैक से जींद जिले की वीरवार को छह फायर लोकेशन प्राप्त हुई है। जिनमें से तीन उचाना क्षेत्र की हैं। हालांकि पिछले कुछ दिनों में ज्यादा मामले आ रहे थे। मंगलवार को एक ही दिन में हरसैक से 28 फायर लोकेशन मिली थी, जिनमें से 18 जगह फसल अवशेष जले पाए गए थे।
Jind Fire Location : जींद में आ चुकी 127 फायर लोकेशन
वीरवार तक कुल 127 फायर लोकेशन (Jind Fire Location) प्राप्त हुई हैं। जिनमें से छह लोकेशन की जांच शुक्रवार को कृषि विभाग की टीमें करेंगी। वहीं बाकी 121 लोकेशन में से 77 जगह फसल अवशेष जले पाए गए हैं। फसल अवशेष जलाने वाले 77 किसानों पर एफआइआर (FIR on Farmer Jind) दर्ज करवाई गई है। साथ ही 3.50 लाख रुपये जुर्माना किया गया है। बुधवार के मुकाबले एक्यूआइ में कुछ सुधार हुआ। औसतन एक्यूआइ 329 रहा। जबकि बुधवार को औसतन एक्यूआइ 418 पर पहुंच गया था।
प्रदेश में सबसे ज्यादा पराली जलने के जींद में मामले आने पर वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने डीसी मोहम्मद इमरान रजा (DC Jind) को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। वहीं बुधवार को आयोग के चेयरमैन ने वीडियो कान्फ्रेंस के माध्यम से अधिकारियों की बैठक ली थी। बुधवार को ही डीसी की तरफ से कृषि विभाग के अधिकारियों व संबंधित स्टाफ को नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा।

Jind : निर्धारित जिम्मेदारी नहीं निभाई, दो दिन में लिखित जवाब दें
डीसी की तरफ से विभिन्न अधिकारियों व कर्मचारियों को जो नोटिस जारी किया है। उसमें कहा गया है कि जिले में पराली जलाने की घटनाओं में अपेक्षित कमी नहीं आई है। जिससे यह प्रतीत होता है कि पराली जलाने से रोकने के लिए जो जिम्मेदारी निर्धारित की गई थी, उन पर पर्याप्त निगरानी और कार्रवाई नहीं की गई। जिसके कारण पराली जलने की घटनाएं बढ़ी।
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र एवं इसके आसपास के क्षेत्र अधिनियम 2021 की धारा 14 के तहत कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। कृषि विभाग के उप मंडल अधिकारियों व कर्मचारियों को अपना लिखित जवाब दो दिन में जिला कृषि उप निदेशक के माध्यम से डीसी कार्यालय भिजवाना है। जवाब देने में देरी पर कार्रवाई की जाएगी। साथ जिला कृषि उप निदेशक को भी उप मंडल अधिकारियों व कर्मचारियों से प्राप्त जवाब अपनी टिप्पणी सहित रिपोर्ट देनी है। जिसमें प्रत्येक उपमंडल में जली पराली का विवरण भी देना है।
Jind Grap-3 rule : ग्रैप-3 के नियमों का नहीं हो रहा पालन
जिले में ग्रैप-3 लागू है। जिसके नियमों की पालना नहीं हो रही है। शहर में जगह- जगह निर्माण कार्य जारी हैं। सेक्टर सात, आठ व नौ सहित शहर की अन्य कालोनियों में मकानों के निर्माण कार्य चल रहे हैं। हालांकि सेक्टर में एचएसवीपी द्वारा बनाई जा रही सड़क का निर्माण रोक दिया गया है।














