Narnaul bypass : हरियाणा सरकार के साथ प्रदेश के सर्वांगीण विकास और सुगम यातायात के विजन को धरातल पर उतारने के लिए जिला प्रशासन पूरी सक्रियता से जुटा हुआ है। बता दें कि इसी दिशा में आज उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने लघु सचिवालय में संबंधित विभागों के अधिकारियों की मीटिंग ली। दरअसल् इस मीटिंग में प्रस्तावित सिक्स लेन नारनौल बाईपास को विस्तार देने की परियोजना की समीक्षा की गई।
जाम से मिलेगी राहत (Narnaul bypass)
शहरवासियों के लिए उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि सीएम की मंशा के अनुरूप इस बाईपास का निर्माण होने से न सिर्फ शहर के निवासियों को भारी वाहनों के दबाव और जाम से स्थायी राहत मिलेगी, बल्कि यह क्षेत्र के आर्थिक विकास के लिए भी एक नई जीवन रेखा बनेगा। ऐसे में यह परियोजना जिला के लिए गेम-चेंजर साबित होने वाली है। यह बाईपास नारनौल में बन रहे इंटीग्रेटेड मल्टी-माडल लाजिस्टिक हब व महर्षि च्यवन मेडिकल कालेज के साथ डायरेक्ट जोड़ने का कार्य करेगा, जिससे भविष्य में औद्योगिक गतिविधियों में इजाफा होगा।

जमीन-अधिग्रहण की प्रगति का लिया गया जायजा (Narnaul bypass)
मीटिंग के दौरान उपायुक्त ने जमीन-अधिग्रहण की प्रगति का जायजा लिया और सूचित किया गया है कि अमरपुर जोरासी, बशीरपुर, गहली, कोरियावास, कुलताजपुर, टहला, मकसूसपुर, थाना और रघुनाथपुरा जैसे गांवों की जमीन अधिग्रहित करने की प्रोसेस चल रहा है। उन्होंने बिजली निगम, सिंचाई विभाग और वन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे आपस में समन्वय स्थापित कर रास्ते में आने वाली बाधाओं और बिजली लाइनों के ट्रांसफर का कार्य टाइम के अंतर पूरा करें।
रिंग रोड का जाल बिछेगा (Narnaul bypass)
कैप्टन मनोज कुमार ने क्लियर है किया कि करीब 11.96 किमी लंबे बाईपास के बनने से यात्रा के टाइम में 30 मिनट तक की बचत होगी और शहर के चारों तरफ एक मजबूत रिंग रोड का जाल बिछ जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सीएम के इस प्राथमिकता वाले प्रोजेक्ट में किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी औपचारिकताएं जल्द पूरी कर निर्माण कार्य स्टार्ट कराया जाएगा। इस दौरान जिला राजस्व अधिकारी राकेश कुमार तथा बिजली निगम के एक्सईएन सरताज सिंह के अतिरिक्त अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।











