IAS Successfull Story : देश की सबसे मुश्किल परिक्षाओं में से एक यूपीएससी द्वारा आयोजित सिविल सेवा परीक्षा में हर वर्ष लाखों उम्मीदवार बैठते हैं। तीन फेज के इस एग्जाम के बाद टॉपर कोई एक ही बन पाता है। इसी मद्देनजर पर ऱखते हुए आज हम आपको यूपीएससी टॉपर इशिता किशोर के प्रेरक कहानी आलेखित करने वाले हैं कि कैसे एयरफोर्स में विग कमांडर शहीद पिता की बेटी ने UPSC में रैंक वन लाकर इतिहास में अपना नाम स्वर्णों अक्षरों में अंकित कर दिया है। इशिता किशोर आज युवाओं की प्रेरणादायक हैं।
इस साल पिता हो गए थे शहीद (IAS Successfull Story)
पाठकों को बता दें कि, इशिता के पिता एयरफोर्स में विग कमांडर थे। वर्ष 2004 में वह ऑन ड्यूटी शहीद हो गए थे जिसके बाद इशिता की मां ज्योति ने ही पूरे घर को संभाला। उनकी मां दिल्ली के एयरपोर्स बाल भारती स्कूल लोधी रोड में पढ़ाती थीं। जिसकी परिवरिश में इशिता ने अपना बचपन गुजारा है और अपनी पढ़ाई के हुनर पर यूपीएससी में टॉपर बनकर इतिहास रच दिया।

डीयू में की पढ़ाई पूर्ण (IAS Successfull Story)
इशिता की प्राथमिक शिक्षा भी दिल्ली के एयरपोर्स बाल भारती स्कूल लोधी रोड से ही हुई है। इसके पश्चात उन्होनें साल 2017 में दिल्ली यूनिवर्सिटी के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स में इकोनॉमिक्स ऑनर्स में दाखिला लिया और पढ़ाई पूर्ण की।
सिविल सेवा से पहले की नौकरी (IAS Successfull Story)
बता दें कि इशिता ने Ernst & Young में दो साल काम किया। वह MBA या फिर इकोनॉमिक्स में पोस्ट ग्रेजुएशन करना चाहती थीं किंतु उन्होंने इन दोनों को ही ना चुनते हुए सिविल सेवा की राह चुनी। उन्होंने दो वर्ष नौकरी करने के बाद वर्ष 2019 में अपनी नौकरी छोड़ दी और परीक्षा की तैयारी में जुट गई। वह सालाना 8 से 9 घंटे पढ़ाई किया करती थीं।

तीसरे प्रयास में बनी टॉपर (IAS Successfull Story)
यूपीएससी टॉपर इशिता किशोर अपने पहले दो प्रयासों में प्रीलिम्स भी पास नहीं कर पाई थीं, मगर अपने तीसरे प्रयास में ऑल इंडिया रैंक 1 प्राप्त करने में सफलता पाई। इसलिए इशिता किशोर आज युवाओं की प्रेरणादायक हैं।
नेशनल लेवल की फुलबॉल प्लेयर रह चुकी (IAS Successfull Story)
आईएएस इशिता की एक ओ विशेष बात है कि वो नेशनल लेवल की फुलबॉल प्लेयर भी रह चुकी हैं, उन्होंने वर्ष 2012 में सुब्रतो कप फुटबॉल टूर्नामेंट में भाग लिया था। इशिता मूल रूप से बिहार के पटना जिले की रहने वाली हैं।













