Delhi to Prayagraj expressway : केंद्र सरकार ने दिल्ली से सीधी कनेक्टिविटी बेहतर करने के लिए एक विशेष योजना के तहत 594 किलोमीटर लंबे एक्सप्रेसवे का कंस्ट्रक्शन के काम को करीब पूर्ण कर दिया है। यह एक्सप्रेसवे जल्द ही खुल जाएगा, जिस पर दिल्ली से लेकर प्रयागराज यात्रियों के लिए सफर सुगम और आसान हो जाएगा और कई शहरों में आर्थिक व्यापार बढ़ने से विकास को गति मिलेगी।
दिल्ली से कानपुर- प्रयागराज के कुंभ मेले तक जाने वालों श्रद्धालुओं को अब आगरा एक्सप्रेसवे और ताज एक्सप्रेसवे से लंबा चक्कर काटने की जरुरत नहीं पड़ेगी। यूपी और केंद्र सरकार द्वारा बनाया जा रहा 594 किमी लंबा गंगा एक्सप्रेसवे करीब पूरा हो गया है और जनवरी में आम यात्रियों के लिए खुलने वाला है।
पाठकों को बता दें कि गंगा एक्सप्रेसवे (Delhi to Prayagraj expressway) राज्य के 12 जिलों से होकर गुजरेगा: मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज। इससे लाखों लोगों को बेहत्तर और शानदार सुविधाएं मिलेगी। मेरठ-बदायूं सेक्शन का ज़्यादातर काम पूर्ण हो चुका है, जबकि उन्नाव-हल्द्वानी सेक्शन का कुछ भाग बन रहा है। ट्रायल रन इसी माह शुरू होने की संभावना है।

हालांकि अभी दिल्ली से प्रयागराज जाने के लिए वाहनों को ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे, आगरा एक्सप्रेसवे, ताज एक्सप्रेसवे और नेशनल हाईवे से होकर जाना पड़ता है। इससे यात्रियो का टाइम और टोल के तहत उनकी जेब पर बोझ बढ़ जाते हैं। गंगा एक्सप्रेसवे खुलने के बाद, दिल्ली से मेरठ एक्सप्रेसवे (Delhi to Prayagraj expressway) के तहत सीधे गंगा एक्सप्रेसवे पर पहुंचा जा सकेगा, इससे पूरा सफर केवल दो एक्सप्रेसवे उपयोग करने से सफर सुगम और आसान हो जाएगा।
गंगा एक्सप्रेसवे कितना लंबा बनेगा (Delhi to Prayagraj expressway)
यह गंगा एक्सप्रेसवे 594 km लंबा होगा, जो मेरठ से स्टार्ट होकर प्रयागराज तक जाएगा। लिंक एक्सप्रेसवे दूसरे एक्सप्रेसवे से भी जुड़ेगा, बुंदेलखंड और देहरादून समेत कई क्षेत्रों को बेहत्तर सुविधाओं को लाभ पहुंचेगा। ज्यादातर कंस्ट्रक्शन का काम पूर्ण हो चुका है। इस प्रोजेक्ट के तहत 91 km लंबा फर्रुखाबाद लिंक एक्सप्रेसवे भी बन रहा है, इसके पूर्ण होने पर इटावा, कन्नौज, मैनपुरी, फर्रुखाबाद और शाहजहांपुर जैसे जिले सीधे गंगा एक्सप्रेसवे और दूसरे एक्सप्रेसवे से जुड़ जाएंगे। कन्नौज और मैनपुरी के मध्य यह रास्ता बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से भी जुड़ेगा, जिससे देहरादून से बुंदेलखंड तक के लोगों को शानदार सुविधाएं मुहैया होगी।














