ITR Refund 2025 : आईटीआर रिफंड का पैसा नहीं मिलने से कुछ लोगों को भिन्न-भिन्न समस्याओं को सामना करना पड़ता है, जिससे उन्हें तय समय से पहले कई हथकंडे आजमाने पड़ते है। वैसे तो सामान्य तौर पर आईटीआर फाइल (ITR Filing 2025) करने की आखिरी तारीख 31 जुलाई होती है। किंतु इस बार इनकम टैक्स विभाग ने आईटीआर फाइल करने के लिए 16 सितंबर तक का टाइम दिया था। आईटीआर फाइल करने के बाद सभी टैक्सपेयर्स रिफंड (ITR Refund 2025) का बेसर्बी से इंतजार रहता हैं।
इन कारणों से रुका हुआ रिफंड का पैसा
सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBTD) के चेयरमैन रवि अग्रवाल ने रिफंड न मिलने के कई मुख्य कारण बताएं। उन्होंने कहा कि लो-वैल्यू रिफंड जारी किए जा रहे हैं। कई हाई-वैल्यू रिफंड या सिस्टम द्वारा रेड-फ्लैग किए गए मामले जांच में हैं। कुछ लोग गलत डिडक्शन क्लेम कर रहे थे, इसलिए एनालिसिस आवश्यक है। इस बार देरी की सबसे बड़ी वजह कुछ मामलों में गलत डिडक्शन या गलत रिफंड क्लेम का पाया जाना है। विभाग ऐसे मामलों की गहराई से जांच कर रहा है।
यदि आपको भी आईटीआर विभाग (ITR Refund 2025) की ओर से गलत डिडक्शन क्लेम का नोटिस आए तो ऐसी स्थिति में आप सबसे पहले सभी डॉक्यूमेंट को फिर से चेक करें। इसके साथ ही जो आपने कैलुकेशन की है, इसे भी चेक करें।
यदि गलती आती है तो मांगा गया बकाया पैसा समय रहते पे कर दें।
यदि गलती नहीं होती तो सेक्शन 139(4) के तहत आप रेक्टिफाइंग के लिए फिर से अप्लाई कर सकते हैं।
इसके अतिरिक्त आईटीआर रिफंड (ITR Refund 2025) न मिलने के कई कारण हो सकते हैं, चलिए इनके बारे में एक-एक करके बात करते हैं।

बैंक अकाउंट डिटेल गलत हो जाना
यदि आपका आईटीआर फाइल का रिफंड प्री वैलिडेट बैंक अकाउंट में ही क्रेडिट होता है। इसलिए बैंक अकाउंट को प्री-वैलिडेट करवाएं।
आप इनकम टैक्स विभाग की वेबसाइट में शिकायत भी दर्ज कर सकते हैं। ऐसा करने पर आपको रिफंड Reissue के लिए कहा जा सकता है।

Refund Reissue कैसे करें?
- सबसे पहले आप इनकम टैक्स विभाग की ऑफिशियल वेबसाइट में लॉगिन करें।
- अब इसके बाद आप My Account वाले सेक्शन पर जाएं।
- फिर इसके बाद आप Refund Re-issue वाले ऑप्शन को सेलेक्ट कर Click on पर जाएं।
- इसके बाद आप Refund Reissue Request पर क्लिक करें।
- इसके बाद यहां आपको आवश्यक जानकारी जैसे पैन, Assessment Year और रिटर्न पैसा आदि दर्ज करें।
- फिर इसके बाद आप ई-वेरिफाई कर Refund Re-Issue Request सबमिट करें।













